गेस्ट शिक्षकों की नियुक्ति को लेकर पैनल बनाने की मांग

देश में चल रहे लॉकडाउन के कारण इस समय अधिकतर गतिविधियों पर रोक लगी हुई है. लॉकडाउन के कारण नई नियुक्तियों पर रोक लगी हुई है. वहीं पुरानी नियुक्तियां भी इस समय रिन्यू नहीं हो पा रही है. दरअसल आम तौर पर मई-जून के महीने में ही दिल्ली यूनिवर्सिटी में एडहॉक पैनल तैयार करने के लिए उम्मीदवारों के आवेदन आमंत्रित किए जाते हैं.

आवेदन पत्रों की जांच होने के बाद विभाग एडहॉक पैनल का निर्माण करता है. ये पैनल अलग अलग शिक्षण विभागों और कॉलेजों में एडहॉक शिक्षकों को रखने के लिए आवेदन मंगाता है. हर साल ये प्रक्रिया अप्रैल से जून के बीच की जाती है. जो शिक्षक पैनल का हिस्सा बनते हैं उन्हीं की नियुक्ति कॉलेजों में की जाती है. इसी के साथ एक वैकल्पिक पैनल भी तैयार किया जाता है ताकि अन्य शिक्षकों के नाम भी इसमें शामिल किया जाए जो पहले रह गए थे.

कोरोना वायरस के कारण जारी लॉकडाउन के कारण इस बार यूनिवर्सिटी में पैनल बनाने की प्रक्रिया करना संभव नहीं है. ऐसे में फोरम ऑफ एकेडेमिक्स फ़ॉर सोशल जस्टिस ने यूनिवर्सिटी के वीसी को पत्र लिखकर कुछ सुझाव इस संबंध में दिए हैं.

फोरम के सदस्य डॉक्टर हंसराज सुमन ने बताया कि जिन उम्मीदवारों के नाम एकेडेमिक सेशन 2019–20 के विभागीय एडहॉक पैनल में हैं. उन्हें इस वर्ष नए सिरे से आवेदन करने से छूट मिलनी चाहिए. ऐसे उम्मीदवारों के नाम रीपिट किए जाएं, क्योंकि पैनल 2020 तक कार्य कर सकता है. इससे संकट के समय में विभाग और कार्यालय का काम भी कम होगा.

वहीं एडहॉक पैनल में नाम जोड़ने के लिए नए उम्मीदवारों आवेदन सिर्फ ऑनलाइन माध्यम के जरिए मंगाए जाए. आवेदन सिर्फ उन उम्मीदवारों के हों जिन्होंने इस साल नेट, आरएफ, पीएचडी या कोई अन्य डिग्री की है. वहीं जो ऐसे उम्मीदवार है जिन्हें अपनी योग्यता में बदलाव करवाना है मसलन कोई नई डिग्री जुड़वानी है तो वो भी ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं.

The Depth

TheDepth is India's own unbiased digital news website.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *