लॉकडाउन में फंसे लोग अब आ सकेंगे घर, गृह मंत्रालय ने जारी की नई गाइडलाइन्स

नई दिल्ली. कोरोना वायरस को रोकने के लिहाज से 24 मार्च से देश में लॉकडाउन जारी है. 14 अप्रैल को दोबारा से पीएम मोदी ने लॉकडाउन को तीन मई तक लिए बढ़ा दिया था.

अचानक से किए गए इस लॉकडाउन के कारण कई प्रवासी मजदूर, छात्र और लाखों लोग अपने घरों तक नहीं पहुंच सके. उन्हें मजबूरन अपने घरों से दूर रहना पड़ा. वहीं अब गृह मंत्रालय ने नए आदेश जारी किए हैं. मंत्रालय ने इस संबंध में नई गाइडलाइन जारी की है.

इस आदेश में कहा गया है कि देश में लगे लॉकडाउन के कारण कई राज्यों में मजदूरों, पर्यटकों और छात्र भी फंसे रह गए. इन सभी को निकालने के लिए राज्य सरकारों को व्यवस्था बनानी होगी. इसके लिए हर राज्य अधिकारी नियुक्त करे.

इसके अलावा गृह मंत्रालय ने इसके लिए राज्यों को निर्देश दिया है कि जो भी प्रवासी मजदूर, छात्र या आने जाने वाले लोग हैं सभी का रजिस्ट्रेशन कराया जाए. इस दौरान सोशल डिस्टेंसिंग के सभी जरूरी मानकों का पालन किया जाए.

सिर्फ सड़क मार्ग का होगा इस्तेमाल

प्रवासी राज्य में फंसा हुआ कोई भी व्यक्ति अपने गृह राज्य में जाने के लिए अपना नाम दर्ज करा सकता है. दोनों राज्यों के बीच आपसी सहमति बनाकर उसे सड़क मार्ग के जरिए भेजा जाएगा. राज्यों के बीच इधर उधर हो रहे लोगों की स्वास्थ्य जांच भी की जाएगी. थर्मल स्कैनिंग के बाद ही उन्हें आगे भेजा जाएगा.

इस दौरान सिर्फ सड़क मार्ग के जरिए ही लोगों को भेजा जाएगा. इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था के सभी इंतजामों को ध्यान में रखा जाएगा. बसों के सैनेटाइजेशन की प्रक्रिया भी की जाएगी. लोगों को सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने के लिए कहा गाय है.

क्वारंटाइन में रहना होगा

अपने गंतव्य स्थान पर पहुंचने के बाद स्थानीय अधिकारी संबंधित व्यक्ति की जांच करेगा. स्वस्थ पाए जाने के बाद व्यक्ति को घर में ही क्वारंटाइन किया जाएगा. इस दौरान स्वस्थ्यकर्मी लगातार उसकी मॉनिटरिंग करते रहेंगे.

आरोग्य ऐप करनी होगी डाउनलोड

ऐसे सभी लोग जो क्वारंटाइन होंगे उन्हें अपने फोन में आरोग्य ऐप को डाउनलोड करना होगा. इस ऐप के जरिए संबंधित व्यक्ति अपनी रिपोर्ट लगातार चैक कर सकेगा और अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहेगा.

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